18 अगस्त, 2025। श्रीडूंगरगढ़ के सेसोमूं स्कूल के पीछे स्थित एक बस्ती में आज सुबह एक हृदयविदारक घटना घटी। एक गरीब परिवार, आंखों में आंसू और होंठों पर बिजली विभाग के प्रति बेपरवाही की शिकायत लिए, अपनी व्यथा सुना रहा था। मामला हाईटेंशन लाइन के टूटकर गिरने से हुए नुकसान से जुड़ा है।
महेंद्र पुत्र शिवसिंह, जो अपने परिवार के साथ इसी बस्ती में रहते हैं, बताते हैं कि उनके घर के पास ही उनका एवड़ (भेड़ों का बाड़ा) था। सुबह करीब पांच बजे, ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन अचानक टूटकर गिर गई, जिससे आधा दर्जन भेड़ों की दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया।
श्रीडूंगरगढ़ ONE से बात करते हुए महेंद्र सिंह ने बताया कि उनके परिवार का जीवन यापन एवड़ से होने वाली आय पर ही निर्भर है। इस अप्रत्याशित क्षति ने उन्हें गहरा आघात पहुंचाया है। परिवार बिजली विभाग से नुकसान की भरपाई की मांग कर रहा है।
पीड़ित परिवार का कहना है कि उन्होंने बिजली विभाग से कई बार गुहार लगाई थी कि उनके घर के पास से गुजर रही बिजली लाइन को आबादी क्षेत्र से बाहर किया जाए। उन्होंने इस संबंध में विभाग को परिवाद भी दिया था, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। महेंद्र सिंह बताते हैं कि यह तार पहले भी दो बार उनके घर के कनेक्शन की लाइन पर टूटकर गिरा था, जिससे उनके घर में रखे फ्रीज और कूलर खराब हो गए थे। तब भी उन्होंने विभाग से इसे हटाने का आग्रह किया था, पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। हेड कांस्टेबल रामस्वरूप अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। बिजली विभाग को भी घटना की सूचना दे दी गई है।
इस घटना ने एक बार फिर विकास की दौड़ में पीछे छूट गए लोगों के जीवन की कड़वी सच्चाई को उजागर किया है। यह सोचने पर मजबूर करता है कि क्या वाकई में जरूरतमंदों की सुनवाई होती है? और क्या विकास की योजनाओं में उनकी सुरक्षा और हितों का ध्यान रखा जाता है? यह घटना न केवल एक परिवार के नुकसान की कहानी है, बल्कि यह व्यवस्था पर भी एक गंभीर सवालिया निशान है।