इस पावन अवसर पर श्री जैन तेरापंथी सभा, युवक परिषद और महिला मंडल के प्रतिनिधियों ने तपस्विनी के प्रति अपनी श्रद्धा और सम्मान व्यक्त किया। श्री जैन तेरापंथी सभा से महेंद्र मालू, युवक परिषद के सहमंत्री प्रथम सुमित बरडिया, और महिला मंडल से मगनश्री सेठिया ने तपस्विनी के त्याग और साधना को नमन करते हुए अपने भावपूर्ण विचार व्यक्त किए। परिवार की ओर से मीनू देवी मालू और कार्तिक मालू ने भक्तिमय गीतिका प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिरस से सराबोर कर दिया।
साध्वी संगीतश्री और डॉ. परमप्रभा ने प्रभा देवी भूरा के इस कठिन तपस्या की अनुमोदना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और आध्यात्मिक प्रगति के लिए मंगलकामनाएँ दीं। उन्होंने तपस्या के महत्व और मानव जीवन में इसके योगदान पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में तेरापंथी सभा के उपाध्यक्ष दीपमाला डागा, मंत्री प्रदीप पुगलिया, चिकित्सा प्रभारी अशोक बैद, महिला मंडल अध्यक्ष मंजू बोथरा, मंजू झाबक, बबीता पुगलिया, सरिता नाहटा, सुनीता डागा, संगीता बोथरा और युवक परिषद मंत्री पीयूष बोथरा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। सभी ने तपस्विनी के प्रति अपना आदर प्रकट किया और उनके त्याग की सराहना की।
तपस्विनी प्रभा देवी भूरा का साहित्य से भी सम्मान किया गया। कार्यक्रम का कुशलतापूर्वक संचालन महिला मंडल की उपाध्यक्ष मधु झाबक ने किया, जिन्होंने अपनी वाणी से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। यह आयोजन तपस्या की शक्ति और आध्यात्मिक जीवन के महत्व को दर्शाता है, जो निश्चित रूप से समाज को प्रेरणा देगा।