उत्सव का उद्देश्य बच्चों को भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म के प्रति जागरूक करना था। उन्हें भगवान विष्णु के दशावतारों की जानकारी दी गई, ताकि वे अपनी जड़ों से जुड़े रहें। संस्था के निदेशक, ओमप्रकाश स्वामी के मार्गदर्शन में, बच्चों ने राधा-कृष्ण के मनमोहक रूप धरे और अपनी नृत्य व सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से कृष्ण की बाल लीलाओं को जीवंत कर दिया।
कार्यक्रम की प्रभारी पूजा शर्मा ने बताया कि विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को सत्यनारायण स्वामी और सीमा भोजक ने पुरस्कृत किया। कक्षा तीन से सातवीं तक की प्रभारी शिक्षिकाओं की टीम ने कार्यक्रम को सफल बनाने में सक्रिय भूमिका निभाई।
निदेशक श्यामसुंदर स्वामी ने बताया कि भारती निकेतन हर साल बोर्ड परीक्षाओं में शानदार परिणाम देता है, जिससे बच्चों का भविष्य उज्ज्वल होता है। इसके साथ ही, विद्यालय सांस्कृतिक गतिविधियों, एनसीसी, योग और खेलों के माध्यम से बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है।
कॉलोनी के पार्क में आयोजित इस कार्यक्रम में सभी मोहल्लेवासियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम में श्याम आराधना परिवार, बीकानेर के कलाकारों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। गणेश वंदना से कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ, जिसके बाद भजनों की मधुर धुनें गूंजने लगीं। बच्चों को राधा-कृष्ण के रूप में सजाया गया और उन्होंने नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं।
एक भव्य दरबार सजाया गया, जहाँ बाल कृष्ण-राधा प्रतियोगिता, मटकी फोड़ प्रतियोगिता और फूलों की होली का आयोजन किया गया। रात 12 बजते ही आतिशबाजी की गई और नंदोत्सव मनाया गया, जिसके बाद प्रसाद वितरण हुआ। इस आयोजन ने कॉलोनी में भाईचारे और सौहार्द की भावना को और भी मजबूत किया।