श्रीडूंगरगढ़ ONE 2 अप्रैल 2026। श्रीडूंगरगढ़ के युवा लेखक पूनमचंद गोदारा को उनकी पुस्तक “अंतस रै आंगणै” के लिए देश के प्रतिष्ठित युवा पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। बुधवार शाम को नई दिल्ली में भारत सरकार के सर्वोच्च साहित्यिक संस्थान केंद्रीय साहित्य अकादमी द्वारा आयोजित साहित्योत्सव में राजस्थानी भाषा के लिए ये सम्मान गोदारा को सौंपा गया।
30 मार्च से 4 अप्रैल तक आयोजित इस समारोह विभिन्न सेशन चर्चा, परिचर्चा, संगोष्ठी एवं पुरस्कार अर्पण के कार्यक्रम संपन्न हो रहें है। इस आयोजन में 1 अप्रैल की शाम के सेशन में वर्ष 2025 के लिए 22 भाषाओं के युवा लेखकों को युवा श्रेणी के सर्वोच्च एवं प्रतिष्ठित युवा पुरस्कार सम्मारोह आयोजित हुआ। जिसमें क्षेत्र के युवा लेखक पूनमचंद गोदारा को राजस्थानी भाषा के लिए उनके द्वारा रचित पुस्तक “अंतस रै आंगणै” के लिए प्रतिष्ठित युवा पुरस्कार प्रदान किया गया। उन्हें ताम्र पत्र उत्कीर्ण स्मृति चिह्न एवं 50,000 रु का चैक देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता साहित्य अकादमी के अध्यक्ष माधव कौशिक ने की, मुख्य अतिथि सूर्य प्रसाद दीक्षित एवं अकादमी उपाध्यक्ष कुमुद शर्मा एवं अकादमी सचिव पलवी प्रसाद होलकर का भी सान्निध्य रहा। इस आयोजन में क्षेत्र के दिल्ली प्रवासी बंधु भी साक्षी रहें। जिनमें प्रतिष्ठित रेख़्ता फाउंडेशन के राजस्थानी विभाग ‘अंजस’ की टीम, 2023 के युवा अवार्डी देवीलाल महिया, परमाराम गोदारा, शीशपाल गोदारा, राजदीप सिंह, संस्कार पीपलवा, रुणेचाराम, प्रियंका भारद्वाज सहित दिल्ली के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में अध्ययनरत छात्र छात्राओं ने भाग लिया।