अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के पूर्व सदस्य और बंगाल कांग्रेस के उपाध्यक्ष सुरेन्द्र पारख ने इस अवसर पर कहा कि गांधीजी ने जो सत्य और अहिंसा का मार्ग दिखाया, वही समाज में शांति और भाईचारे की स्थापना का एकमात्र रास्ता है। उनके विचारों को आज भी प्रासंगिक बताते हुए, उन्होंने गांधीजी के आदर्शों पर चलने का आह्वान किया।
इसी कार्यक्रम में, भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की 121वीं जयंती भी मनाई गई। कार्यकर्ताओं ने शास्त्री जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और “जय जवान जय किसान” के नारे लगाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। शास्त्री जी के योगदान को याद करते हुए, कार्यकर्ताओं ने उनके सादगी और देशभक्ति से प्रेरित जीवन को नमन किया।
शहर कांग्रेस अध्यक्ष ओम गुरावा, कन्हैयालाल सोमानी, मनोज पारख, विमल भाटी, मूलचंद स्वामी, राजेश मंडा, अमरचंद सिखवाल, रमेश प्रजापत, सीताराम सिंवर, मुनीराम दुसाद, चिमनलाल सिंधी, अयूब दमामी सहित कई प्रमुख कार्यकर्ता इस कार्यक्रम में उपस्थित थे।
कार्यक्रम के अंत में, सभी कार्यकर्ताओं ने महात्मा गांधी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि गांधीजी के सिद्धांतों को अपनाकर ही एक बेहतर समाज का निर्माण किया जा सकता है।