पुलिस में दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, श्रवण कुमार का कहना है कि 3 नवंबर को जब वह अपने काम पर जा रहे थे, तब ललिता देवी और उनके पुत्र विकास ने रास्ते में उनकी मोटरसाइकिल रोक ली। आरोप है कि विकास ने उनके साथ बेल्ट से मारपीट की और उनके गले से सोने की चैन छीन ली।
शिकायत में आगे कहा गया है कि विकास ने फोन पर अपने पिता विष्णु को बुलाकर “सबक सिखाने” की बात कही। इसके कुछ ही देर बाद, श्रवण कुमार की मां ने उन्हें फोन कर बताया कि विष्णु ने उनके घर के बाहर आकर उनके साथ गाली-गलौज की और विरोध करने पर उनके कपड़े फाड़ दिए।
यह घटनाक्रम इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह इस मामले में दूसरा पहलू है। इससे पहले, जमादार ललिता देवी ने भी श्रवण कुमार के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था। इन दोनों मामलों की जांच हेडकांस्टेबल रामस्वरूप द्वारा की जा रही है।
यह घटना न केवल दो परिवारों के बीच के तनाव को दर्शाती है, बल्कि समाज में व्याप्त आपसी मनमुटाव और विवादों को भी उजागर करती है। अब देखना यह है कि पुलिस जांच में क्या निष्कर्ष निकलता है और यह मामला किस दिशा में आगे बढ़ता है। फिलहाल, यह घटना कस्बे में चर्चा का विषय बनी हुई है।