श्रीडूंगरगढ़ ONE 21 दिसंबर 2025। श्रीडूंगरगढ़ के साहित्यकार रवि पुरोहित को उनकी पुस्तक आग अभी शेष है पुस्तक के लिए अनुराग साहित्य अलंकरण राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े के हाथों प्राप्त हुआ। शनिवार को लालसोट की पीएमश्री अशोक शर्मा राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में संस्थान के 31 वर्ष पूर्ण होने पर आयोजित भव्य समारोह में रवि पुरोहित सहित 31 साहित्यकारों को साहित्य सम्मान दिया गया। समारोह में मुख्य अतिथि राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने कहा कि देश की आजादी से पहले विदेशियों ने हमारे देश का काफी झूठा इतिहास भी लिखा है, जिसे सुधारने की जरूरत है। उन्होंने इसे आधुनिक साहित्यकारों की जिम्मेदारी बताते हुए कहा कि आप ऐसे विकृत इतिहास को खोजें और सुधारें। उन्होंने कहा कि साहित्यकार का नैतिक दायित्व है कि वह नया साहित्य और नई संस्कृति की दृष्टि दें। बागड़े ने कहा कि अच्छा साहित्य समाज में पथ प्रदर्शक की भूमिका निभाता है और विद्रूपताओं को मिटाता है। साहित्य को समाज का दर्पण कहा गया है, जो समाज को नई दिशा एवं सोच देता है। यह समाज को सोचने पर मजबूर करता है। उन्होंने साहित्य के भाव को स्पष्ट करते हुए कहा कि साहित्य में सबका हित निहित होता है। इसका मूल तत्व सबका हित साधना है। उन्होंने कबीर एवं रहीम के साहित्य के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि उन्होंने अपने साहित्य के माध्यम से समाज सुधारने का संदेश दिया, जो रूढ़ियों एवं बुराइयों का प्रतिकार करता है। उन्होंने मैथिली शरण गुप्त एवं वाल्मीकि की ओर से साहित्य के माध्यम से समाज को दिए योगदान का भी जिक्र किया। शकुंतला देवी रावत स्मृति अनुराग साहित्य सम्मान मिलने पर रवि पुरोहित ने संस्थान का आभार जताया। उन्होंने कहा कि पुरस्कार व सम्मान साहित्यकार की सामाजिक जिम्मेदारी का विस्तार करते हैं। साहित्य मनुष्य को केवल मनोरंजन नहीं देता, यह मानसिक व बौद्धिक विकास का सूत्र बीज और विद्रूप के प्रतिकार हेतु चेतना का अमोघ अस्त्र सौंपता है। सम्मान समारोह में लालसोट नगर परिषद सभापति पिंकी चतुर्वेदी, विधायक रामविलास मीणा सहित प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी, साहित्यकार एवं बड़ी संख्या में नगरवासी उपस्थित थे।