श्रीडूंगरगढ़, 27 नवंबर, 2025। कल सुबह 10 बजे राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, लिखमादेसर (श्रीडूंगरगढ़) में एक स्नेहिल पहल आकार लेगी। हेल्पिंग हैंड्स, सूरत नामक संगठन, जो सेवा और समर्पण के मूल्यों पर आधारित है, जरूरतमंद बच्चों के लिए बस्ता और लेखन सामग्री वितरित करेगा। इस पहल का उद्देश्य उन बच्चों को प्रोत्साहित करना है, जो शिक्षा के मार्ग पर अग्रसर हैं।
विद्यालय के प्राचार्य, लक्ष्मी कांत वर्मा ने बताया कि इस कार्यक्रम में अधीनस्थ दो प्राथमिक विद्यालयों के साथ-साथ कक्षा 1 से 12 तक के कुल 328 विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा। यह पहल विद्यार्थियों के लिए न केवल सहायक होगी, बल्कि उन्हें शिक्षा के प्रति उत्साहित भी करेगी।
हेल्पिंग हैंड्स, सूरत, पिछले 14 वर्षों से शिक्षा और सामाजिक क्षेत्रों में अनवरत सेवा कर रहा है। इस संगठन में सूरत में व्यापार कर रहे राजस्थान के 42 मूल निवासियों का योगदान है, जो अपनी मातृभूमि के प्रति प्रेम और सेवा भाव से प्रेरित हैं। गुजरात और महाराष्ट्र के कई आदिवासी बहुल क्षेत्रों में सफलतापूर्वक कार्यक्रम आयोजित करने के बाद, संगठन ने राजस्थान के श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में एक साथ सात स्थानों पर सामग्री वितरण का संकल्प लिया है।
यह कार्यक्रम तेजकरण धाड़ेवा के प्रयासों से संभव हो पाया है। धाड़ेवा, जो लिखमादेसर के मूल निवासी हैं, समाज सेवा के प्रति समर्पित हैं और उनके प्रयासों से यह पहल साकार हो रही है।
विद्यालय उत्सव प्रभारी भगवती पारीक ने बताया कि कार्यक्रम में गांव के प्रबुद्धजन, जसनाथी युवक मंडल के सदस्य और अभिभावक भी उपस्थित रहेंगे। यह समुदाय की एकजुटता और शिक्षा के प्रति समर्पण का प्रतीक होगा। यह कार्यक्रम न केवल सामग्री वितरण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक ऐसा अवसर है, जो समाज को एक साथ लाता है और शिक्षा के महत्व को रेखांकित करता है। यह एक प्रेरणादायक पहल है, जो बच्चों के भविष्य को उज्ज्वल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।