आज जब ये युवा कैडेट्स महाविद्यालय पहुंचे तो प्राध्यापकों और कर्मचारियों ने गर्मजोशी से उनका स्वागत किया और उनकी उपलब्धियों पर बधाई दी।
एनसीसी अधिकारी एएनओ नितिन सिंह ने बताया कि शिविर में भारती निकेतन के कैडेट्स ने न केवल शारीरिक बल्कि बौद्धिक और सांस्कृतिक गतिविधियों में भी अपनी छाप छोड़ी।
बालक वर्ग में कॉन्टीजेंट मार्चिंग प्रतियोगिता में महावीर नाई, छैलू सिंह और मयंक तुनगरिया ने स्वर्ण पदक जीतकर महाविद्यालय का गौरव बढ़ाया। वहीं, बॉलीवॉल प्रतियोगिता में रामकिशन चोटिया, राधेश्याम गोदारा और मयंक तुनगरिया ने भी स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
रस्सा-कस्सी में लालचंद सिद्ध, रामसुख गोदारा, भैरू सारण और अशोक सुथार की टीम ने दमखम दिखाते हुए रजत पदक हासिल किया। बालिकाओं ने भी खो-खो में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए रजत पदक जीता।
किशनलाल ने योगा और डांस में स्वर्ण पदक जीतकर अपनी बहुमुखी प्रतिभा का परिचय दिया, साथ ही पब्लिक स्पीकिंग में रजत पदक प्राप्त किया। शिविर के दौरान आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में कैडेट सार्जेंट सरोज सिद्ध और कैडेट पिंकी नाई के नृत्य प्रदर्शन ने सभी का मन मोह लिया और खूब सराहना बटोरी।
अंडर ऑफिसर हिमांशु सिंह राजपुरोहित ने कॉलेज सीनियर के तौर पर शिविर में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एनसीसी अधिकारी एएनओ नितिन सिंह ने शिविर में ड्रिल कॉम्पिटीशन, फायरिंग कॉम्पिटीशन, बेस्ट कैडेट्स सिलेक्शन और खेल प्रतियोगिताओं में निर्णायक की भूमिका निभाई, जो उनके अनुभव और कौशल का प्रमाण है।
कॉलेज संचालक ओमप्रकाश स्वामी और श्यामसुंदर स्वामी ने कैडेट्स की इस शानदार उपलब्धि पर उन्हें बधाई दी और भविष्य में भी इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया।
यह उपलब्धि भारती निकेतन महाविद्यालय के एनसीसी कैडेट्स के कठोर परिश्रम, लगन और अनुशासन का परिणाम है। निश्चित ही, इन युवाओं ने अपने प्रदर्शन से न केवल महाविद्यालय बल्कि पूरे क्षेत्र को गौरवान्वित किया है।