मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, बीकानेर, डॉ. पुखराज साध ने बताया कि बुधवार को श्रीडूंगरगढ़ के बाज़ारों में विभाग की टीम ने सघन निरीक्षण किया। इस टीम में बीसीएमओ डॉक्टर डॉ राजीव सोनी, बीपीएम राकेश थलोड, नायब तहसीलदार सुरजीत धायल, और खाद्य सुरक्षा अधिकारी श्रवण कुमार वर्मा एवं भानुप्रताप सिंह शामिल थे।
टीम ने शहर के प्रमुख प्रतिष्ठानों – मैसर्स पुरसुमल, मैसर्स छप्पन भोग, मैसर्स मारुति ट्रेडिंग कंपनी और मैसर्स मोदी डेयरी पर अपनी नज़रें गड़ाईं। इस दौरान, विभिन्न खाद्य पदार्थों के कुल 6 नमूने जांच के लिए एकत्रित किए गए।
कार्रवाई के दौरान मैसर्स मारुति ट्रेडिंग कंपनी में अनियमितता पाई गई, जिसके चलते 375 किलोग्राम रिफाइंड मूंगफली तेल (गुलाब ब्रांड) को सीज कर दिया गया। मैसर्स पुरसुमल में 210 किलो दूषित मिठाई को मौके पर ही नष्ट करवाया गया, ताकि यह उपभोक्ताओं तक न पहुंच सके। वहीं, मैसर्स छप्पन भोग को नमूनीकरण के साथ-साथ स्वच्छता बनाए रखने के सख्त निर्देश दिए गए।
विभाग द्वारा लिए गए सभी नमूनों को जनस्वास्थ्य प्रयोगशाला भेजा जाएगा, जहां इनकी गुणवत्ता की जांच की जाएगी। जांच रिपोर्ट आने के बाद, नियमों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
दीपावली के त्योहार के मद्देनज़र खाद्य सुरक्षा विभाग की इस सक्रियता से मिलावटखोरों में हड़कंप है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि जांच रिपोर्ट क्या सामने लाती है, और विभाग आगे क्या कदम उठाता है। यह निश्चित है कि विभाग इस त्योहार के मौसम में लोगों को शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।