श्रीडूंगरगढ़, 6 अक्टूबर, 2025। राजस्थान सरकार ने युवाओं के सपनों को साकार करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। राज्य सरकार ने ‘विश्वकर्मा युवा उद्यमी प्रोत्साहन योजना’ का शुभारंभ किया है, जो युवाओं को अपने पैरों पर खड़े होने और रोजगार के नए अवसर तलाशने में मदद करेगी।
इस योजना का उद्देश्य युवाओं को कम ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराना है, ताकि वे अपना व्यवसाय शुरू कर सकें या पहले से चल रहे व्यवसाय को आगे बढ़ा सकें। यह योजना उन युवाओं के लिए एक वरदान साबित होगी जो आर्थिक तंगी के कारण अपने सपनों को पूरा नहीं कर पाते हैं।
जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र के महाप्रबंधक सुरेंद्र कुमार ने बताया कि इस योजना का मुख्य लक्ष्य युवाओं को कम लागत पर ऋण देकर नए रोजगार के अवसर पैदा करना है। यह कदम निश्चित रूप से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में सहायक होगा।
इस योजना का लाभ उठाने के लिए कुछ पात्रता मानदंड निर्धारित किए गए हैं:
* आवेदक की उम्र 18 से 45 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
* यह ऋण नया व्यवसाय शुरू करने, व्यवसाय का विस्तार करने, विविधीकरण करने या उसे आधुनिक बनाने के लिए उपलब्ध होगा।
* मार्जिन मनी 25% या ₹5 लाख (जो भी कम हो) होगी।
यह योजना युवाओं को ब्याज पर भी राहत प्रदान करती है:
* ₹1 करोड़ तक के ऋण पर 8% ब्याज अनुदान मिलेगा।
* ₹1 से ₹2 करोड़ तक के ऋण पर 7% ब्याज अनुदान दिया जाएगा।
इसके अतिरिक्त, महिला उद्यमियों, अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), दिव्यांगजनों और ग्रामीण उद्यमियों को ₹2 करोड़ तक के ऋण पर 1% अतिरिक्त ब्याज अनुदान मिलेगा। यह प्रावधान समाज के कमजोर वर्गों को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
इच्छुक युवा राज्य सरकार के SSO पोर्टल पर जाकर इस योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए, जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र, रानी बाजार चोपड़ा कटला, बीकानेर में संपर्क किया जा सकता है।
यह योजना न केवल युवाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाएगी, बल्कि उन्हें अपने हुनर को निखारने और समाज में अपनी पहचान बनाने का भी अवसर प्रदान करेगी। राज्य सरकार का यह प्रयास निश्चित रूप से युवाओं के भविष्य को उज्ज्वल बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।