29 सितंबर, 2025 की एक शांत रात, श्रीडूंगरगढ़ के पास सेरूणा गांव के निकट राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक अप्रत्याशित घटना घटी। देर रात, एक कार अनियंत्रित होकर सड़क पर घूम रहे एक सांड से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार पलट गई और सांड की मौके पर ही मौत हो गई।
कार में सवार पांच युवक, जो बीकानेर के तिलक नगर के निवासी थे, सालासर बाबा के दर्शन कर अपने घर लौट रहे थे। इस दुर्भाग्यपूर्ण दुर्घटना में वे मामूली रूप से घायल हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही, सेरूणा थाने के हैड कांस्टेबल पूर्णमल अपनी टीम के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने तत्परता दिखाते हुए पांचों युवकों को प्राथमिक उपचार के लिए पीबीएम अस्पताल भिजवाया।
दुर्घटना के कारण राजमार्ग पर यातायात बाधित हो गया था। लखासर टोल की क्रेन को तुरंत बुलाया गया, जिसने क्षतिग्रस्त कार और मृत सांड को सड़क से हटाकर यातायात को सुचारू रूप से शुरू करवाया।
घटनास्थल पर पहुंचे ग्रामीणों ने दुर्घटनाग्रस्त कार की हालत देखकर आश्चर्य व्यक्त किया। कार बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई थी। ग्रामीणों ने पांचों युवकों की जान बचने पर राहत की सांस ली और ईश्वर को धन्यवाद दिया। यह घटना एक बार फिर राजमार्गों पर सुरक्षा के महत्व को रेखांकित करती है और सड़क पर घूम रहे आवारा पशुओं की समस्या पर ध्यान आकर्षित करती है।