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15 अगस्त के पंचांग के साथ पढें और भी कई खास बातें पंडित विष्णुदत्त शास्त्री के साथ..

श्रीडूंगरगढ़, 15 अगस्त, 2025। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर, श्रीडूंगरगढ़ में आज का दिन अनेक शुभ संयोग लेकर आया है। पण्डित विष्णुदत्त शास्त्री ने आज के पंचांग के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि शास्त्रों में तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण के श्रवण और पठन का विशेष महत्व है।

पंचांग के अनुसार, आज श्रावण मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है, जो रात 11:52 तक रहेगी। नक्षत्र अश्विनी सुबह 07:36 तक रहेगा। करण विष्टि और बव रहेंगे। योग गण्ड सुबह 10:16 तक रहेगा। वार शुक्रवार है।

सूर्य और चंद्रमा की स्थिति पर गौर करें तो सूर्योदय सुबह 06:03 बजे हुआ और सूर्यास्त शाम 07:13 बजे होगा। चंद्रोदय रात 11:00 बजे होगा और चंद्रास्त दोपहर 12:05 बजे। चंद्र राशि मेष है और चन्द्र वास पूर्व दिशा में रहेगा। वर्षा ऋतु का आगमन हो चुका है।

विक्रम संवत 2082 है, और शक संवत 1947 विश्वावसु। मास अमांत श्रावण और मास पूर्णिमांत भाद्रपद है। दिन काल 13:09:34 का रहेगा।

आज अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:11 से 01:04 तक रहेगा। वहीं, राहु काल सुबह 10:59 से दोपहर 12:38 तक रहेगा, इसलिए शुभ कार्यों को करते समय इन समयों का ध्यान रखना चाहिए।

आज दिशा शूल पश्चिम दिशा में रहेगा।

पंचांग में ताराबल और चन्द्रबल की भी जानकारी दी गई है, जिसके अनुसार अश्विनी, भरणी, कृत्तिका आदि नक्षत्र और मेष, मिथुन, कर्क आदि राशियां शुभ रहेंगी।

आज के दिन माँ लक्ष्मी की कृपा पाने के लिए कुछ विशेष उपाय बताए गए हैं। शुक्रवार के दिन दक्षिणावर्ती शंख से भगवान विष्णु पर जल चढ़ाना और उन्हें पीले चंदन का तिलक लगाना अत्यंत फलदायी माना जाता है। इसके अतिरिक्त, श्री सूक्त, महालक्ष्मी अष्टकम और माँ दुर्गा के 32 चमत्कारी नामों का पाठ करने से भी धन और समृद्धि की प्राप्ति होती है। माँ लक्ष्मी को हलवे या खीर का भोग लगाना भी शुभ माना गया है।

पण्डित विष्णुदत्त शास्त्री ने स्वतंत्रता दिवस और श्री कृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएँ दी हैं। श्री कृष्ण जन्माष्टमी व्रत स्मार्त (गृहस्थ) आज ही है।

यह पंचांग हमें समय के सूक्ष्म पहलुओं से अवगत कराता है और जीवन को शुभता और सकारात्मकता से भरने की प्रेरणा देता है।

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