श्रीडूंगरगढ़ श्रीडूंगरगढ़ ONE 13 जुलाई 2025। श्री गणेशाय नम: शास्त्रों के अनुसार तिथि के पठन और श्रवण से माँ लक्ष्मी की कृपा मिलती है ।
वार के पठन और श्रवण से आयु में वृद्धि होती है।
नक्षत्र के पठन और श्रवण से पापो का नाश होता है।
योग के पठन और श्रवण से प्रियजनों का प्रेम मिलता है। उनसे वियोग नहीं होता है ।
*करण के पठन श्रवण से सभी तरह की मनोकामनाओं की पूर्ति होती है ।
इसलिए हर मनुष्य को जीवन में शुभ फलो की प्राप्ति के लिए नित्य पंचांग को देखना, पढ़ना चाहिए ।
आज का पंचांग
13-Jul-2025
Sri Dungargarh, India
तिथि तृतीया 01:05 AM
नक्षत्र श्रवण 06:54 AM
करण वणिज, विष्टि 01:29 PM
पक्ष कृष्ण
योग प्रीति 06:00 PM
वार रविवार
सूर्य व चन्द्र से संबंधित गणनाएँ
सूर्योदय 05:45 AM
चन्द्रोदय 09:34 PM
चन्द्र राशि मकर 06:54 PM
चन्द्र वास दक्षिण
सूर्यास्त 07:33 PM
चन्द्रास्त 07:54 AM
ऋतु वर्षा
हिन्दू मास एवं वर्ष
शक सम्वत 1947 विश्वावसु
काली सम्वत 5126
दिन काल 13:47:22
विक्रम सम्वत 2082
मास अमांत आषाढ
मास पूर्णिमांत श्रावण
शुभ और अशुभ समय
शुभ समय
अभिजीत 12:11 PM 01:07 PM
अशुभ समय
दुष्टमुहूर्त 05:42 PM 06:38 PM
कंटक 10:21 AM 11:16 AM
यमघण्ट 02:02 PM 02:57 PM
राहु काल 05:49 PM 07:33 PM
कुलिक 05:42 PM 06:38 PM
कालवेला / अर्द्धयाम 12:11 PM 01:07 PM
यमगण्ड 12:39 PM 02:22 PM
गुलिक काल 04:06 PM 05:49 PM
दिशा शूल
दिशा शूल पश्चिम
चन्द्रबल और ताराबल
ताराबल
अश्विनी, कृत्तिका, रोहिणी, मृगशिरा, आर्द्रा, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, उत्तराभाद्रपद
चन्द्रबल
मेष, कर्क, सिंह, वृश्चिक, मकर, मीन
चोघडिया
उद्वेग 05:46 AM – 07:29 AM
चल 07:29 AM – 09:13 AM
लाभ 09:13 AM – 10:56 AM
अमृत 10:56 AM – 12:39 PM
काल 12:39 PM – 02:23 PM
शुभ 02:23 PM – 04:06 PM
रोग 04:06 PM – 05:49 PM
उद्वेग 05:49 PM – 07:33 PM
शुभ 07:33 PM – 08:49 PM
अमृत 08:49 PM – 10:06 PM
चल 10:06 PM – 11:23 PM
रोग 11:23 PM – 00:39 AM
काल 00:39 AM – 01:56 AM
लाभ 01:56 AM – 03:13 AM
उद्वेग 03:13 AM – 04:29 AM
शुभ 04:29 AM – 05:46 AM
लग्न तालिका
मिथुन द्विस्वाभाव
शुरू: 03:49 AM समाप्त: 06:04 AM
कर्क चर
शुरू: 06:04 AM समाप्त: 08:25 AM
सिंह स्थिर
शुरू: 08:25 AM समाप्त: 10:42 AM
कन्या द्विस्वाभाव
शुरू: 10:42 AM समाप्त: 12:58 PM
तुला चर
शुरू: 12:58 PM समाप्त: 03:17 PM
वृश्चिक स्थिर
शुरू: 03:17 PM समाप्त: 05:36 PM
धनु द्विस्वाभाव
शुरू: 05:36 PM समाप्त: 07:40 PM
मकर चर
शुरू: 07:40 PM समाप्त: 09:23 PM
कुम्भ स्थिर
शुरू: 09:23 PM समाप्त: 10:52 PM
मीन द्विस्वाभाव
शुरू: 10:52 PM समाप्त: 00:17 AM
मेष चर
शुरू: 00:17 AM समाप्त: 01:53 AM
वृषभ स्थिर
शुरू: 01:53 AM समाप्त: 03:49 AM
।। आज का दिन अत्यंत मंगलमय हो ।।
दिन (वार) रविवार को की गई सूर्य पूजा से व्यक्ति को घर-परिवार और समाज में मान-सम्मान की प्राप्ति होती है। रविवार के दिन उगते हुए सूर्य को देव को एक ताबें के लोटे में जल, चावल, लाल फूल और रोली डालकर अर्ध्य देवे
इस दिन आदित्य ह्रदय स्रोत्र का पाठ करें एवं यथा संभव मीठा भोजन करें। सूर्य को आत्मा का कारक माना गया है, सूर्य देव को जल देने से पितृ कृपा भी मिलती है।
रविवार के दिन भैरव जी के दर्शन, आराधना से समस्त भय और संकट दूर होते है, साहस एवं बल की प्राप्ति होती है । अत: रविवार के दिन मंदिर में भैरव जी के दर्शन अवश्य करें ।
रविवार के दिन भैरव जी के मन्त्र ” ॐ काल भैरवाय नमः “ या ” ॐ श्री भैरवाय नमः “ की एक माला जाप करने से समस्त संकट, भय दूर होते है, रोगो, अकाल मृत्यु से बचाव होता है, मनवांछित लाभ मिलता है
पण्डित विष्णुदत्त शास्त्री
8290814026