श्रीडूंगरगढ़ ONE 25 अप्रैल 2026। पूर्व कैबिनेट मंत्री गोविंदराम मेघवाल शनिवार दोपहर को गांव मिंगसरिया में ट्यूबवेल निर्माण की मांग को लेकर जारी धरने पर पहुंचे। ग्राम पंचायत भवन के सामने आयोजित धरने से पूर्व मंत्री ने सीएम से पानी की मांग की। उन्होंने जिला कलेक्टर निशांत जैन व जलदाय विभाग के उच्चाधिकारियों से वार्ता की। दोपहर बाद विभाग के अधिशासी अभियंता नरेश कुमार, सहायक अभियंता कैलाश वर्मा व मनीष रावत मौके पर पहुंचे। गांव के राजेंद्र मेघवाल नोसरिया की अगुवाई में आयोजित धरना स्थल पर अधिकारियों के साथ लंबी समझौता वार्ता हुई। वार्ता में संदीप सिंह, रामलाल पूनियां, तिलाराम प्रजापत, टीकूराम गोदारा, हरिराम बारूपाल, दुलाराम प्रजापत, रामकिशन गोदारा, लच्छाराम नायक, रिछपाल मेघवाल ग्रामीणों की ओर से शामिल हुए। धरना स्थल पर कांग्रेसी नेता केसराराम गोदरा, सेवा संगठन के प्रदेशाध्क्ष कोडाराम भादू, आरएलपी नेता दानाराम घिंटाला भी धरने पर पहुंचे व अपना समर्थन दिया। धरने को हरिराम बारूपाल, कोडाराम भादू, सांवरमल गोदारा, हरिराम गोदारा, मोहनराम मील, किशनाराम सारण, नरेंद्र जाखड़, रामनिवास प्रजापत, रतनलाल सोलंकी ने सम्बोधित किया व लोकतंत्र में जनता में ही शासन की शक्ति निहित होने की बात कही।
10 दिन में ट्यूबवेल बनाने का आश्वासन, टैंकरों से आपूर्ति शुरू की।
श्रीडूंगरगढ़ ONE। विभागीय अधिकारी नरेश कुमार ने स्वीकृत ट्यूबवेल का 10 दिन में निर्माण करवाने का आश्वासन धरनार्थियों को दिया। वहीं खराब पड़े ट्यूबवेल को दुरस्त करवाने का काम शुरू करने के निर्देश दिए। इसी के साथ अधिकारी ने नायक मेघवाल मोहल्ले में टैंकरों से पेयजलापूर्ति शुरू कर दी। राजेंद्र नोसरिया ने पूर्व मंत्री सहित ग्रामीणों व धरनार्थियों का आभार जताया।
अनशन तुड़वाया, ये रहें मौजूद।
श्रीडूंगरगढ़ ONE। शनिवार सुबह धरना स्थल पर पन्नाराम प्रजापत, प्रभुराम मेघवाल, लालूराम देवाला व रामनारायण मेघवाल अनशन पर बैठे। शाम को विभागीय अधिकारियों के साथ वार्ता सफल होने पर चारों को टीकूराम गोदारा ने ज्यूस पिलाकर अनशन तुड़वाया गया। धरने पर लिछमणराम ढाका, पन्नाराम प्रजापत, गणेशाराम प्रजापत, श्रवणराम मेघवाल, रेखराम मेघवाल, गिरधारी गोदारा, कालूराम नायक, मांगीलाल नायक, फुसाराम मेघवाल, रेखाराम मेघवाल, सरदाराराम जाट, नानूराम गोदारा, राकेश गोदारा, लिछमण मेघवाल, भूराराम मेघवाल, सोहनसिंह राजपूत, लिछमणसिंह नोसरिया, भूरसिंह, भादरसिंह, गिरधारी सिंह, बालाराम गोदारा, शिवसिंह, लालसिंह, प्रेमसिंह, रामलाल मेघवाल, रामचंद्र गोदारा, तिलोकदास, हड़मानाराम गोदारा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं व युवा मौजूद रहें।