डूंगरगढ़ one 10 जनवरी, 2026 श्रीडूंगरगढ़। श्रीडूंगरगढ़ में शनिवार को मानवता की मिसाल पेश करते हुए स्वर्गीय चंद्रकला देवी बोरड का निधन उपरांत नेत्रदान किया गया। यह आज का क्षेत्र में दूसरा नेत्रदान रहा। इस पुनीत कार्य से दो दृष्टिहीन लोगों को नई रोशनी मिलने की उम्मीद है।
नेत्रदान की सहमति स्व. चंद्रकला देवी बोरड के पति भीकमचंद बोरड तथा पुत्र सुरेंद्र, नरेंद्र एवं रवि बोरड ने दी। परिजनों ने कहा कि इस माध्यम से दिवंगत आत्मा की स्मृति को जीवित रखा जा सकता है।
नेत्रदान के लिए प्रेरणा समाजसेवी विजय बोथरा एवं अशोक बैद ने दी। संपूर्ण प्रक्रिया को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में नेत्रदान प्रभारी अशोक झाबक की अहम भूमिका रही।
कार्यक्रम में तेरापंथ युवक परिषद् के अध्यक्ष विक्रम मालू, पूर्व अध्यक्ष शांतिलाल झाबक, मंत्री पीयूष बोथरा, उपाध्यक्ष चमन श्रीमाल एवं सहमंत्री मोहित बोरड सहित कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
इसके अलावा मधु जैन, मंजू बैद, दिलीप बैद, गजेंद्र नाई, भागीरथ गोदारा सहित अनेक समाजसेवियों ने सहयोग किया। उपस्थित लोगों ने दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए परिवार के निर्णय की सराहना की।