डूंगरगढ़ one 27 फरवरी, 2026 श्रीडूंगरगढ़। विधानसभा में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बजट घोषणाओं के दौरान श्रीडूंगरगढ़ सहित बीकानेर जिले को बड़ी राहत दी है। लंबे समय से टूटी-फूटी सड़कों के पुनर्निर्माण के लिए 35 करोड़ रुपए का बजट स्वीकृत किया गया है। इस राशि का बड़ा हिस्सा ग्रामीण क्षेत्रों, खासकर श्रीडूंगरगढ़ विधानसभा क्षेत्र में सड़क निर्माण व सुदृढ़ीकरण पर खर्च होगा।
श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र की प्रमुख सड़कें होंगी मजबूत
श्रीडूंगरगढ़ में वर्षों से लंबित मिसिंग लिंक सड़कों को अब पूरा किया जाएगा। इससे न सिर्फ गांवों की कनेक्टिविटी सुधरेगी, बल्कि किसानों और आमजन को आवागमन में भी बड़ी राहत मिलेगी।
स्वीकृत कार्य:
- ऊपनी से पुन्दलसर तक 12 किमी मिसिंग लिंक सड़क
लागत: ₹4.80 करोड़ - धीरेदेसर चोटियान से मोमासर तक 12 किमी मिसिंग लिंक सड़क
लागत: ₹4.80 करोड़ - कुंतासर से रेवाड़ा तक 2.20 किमी सड़क नवीनीकरण
लागत: ₹40 लाख - बीकानेर–रतनगढ़ रेल मार्ग पर दुलचासर-भोजास रास्ते के बीच आरयूबी निर्माण
लागत: ₹6 करोड़
ग्रामीण इलाकों की कनेक्टिविटी को मिलेगा फायदा
बीकानेर जिले के अन्य क्षेत्रों में भी सड़क नेटवर्क को मजबूत किया जाएगा-
- कीकासर से गरबदेसर वाया कनवासर सड़क
- जैतपुर (रायका चक) से शेरपुरा, लूणकरणसर नई संपर्क सड़क
- नोखा से सुरपुरा तक मिसिंग लिंक सड़क
इन कार्यों से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति मिलने की उम्मीद है।
खाजूवाला सहित बॉर्डर एरिया में पानी की समस्या होगी दूर
सीमावर्ती क्षेत्रों में पेयजल संकट को देखते हुए खाजूवाला व पुगल क्षेत्र की ग्रामीण जल योजनाओं के सुधार के लिए अलग-अलग बजट स्वीकृत किया गया है। इससे गर्मी के दिनों में पानी की किल्लत से राहत मिलेगी।
बीकानेर शहर के लिए नई टाउन प्लानिंग की घोषणा
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में कहा कि प्रदेश के सभी संभाग मुख्यालयों पर नई टाउन प्लानिंग विकसित की जाएगी।
बीकानेर संभाग मुख्यालय होने के कारण-
- शहर में सस्ती जमीन व मकान उपलब्ध होंगे
- ग्रामीण क्षेत्र के लोग नियोजित कॉलोनियों में बस सकेंगे
- अव्यवस्थित शहरी विस्तार पर लगेगी रोक
बीकानेर को अन्य बड़ी घोषणाएं
- देशनोक क्षेत्र के लिए ₹750 करोड़ की पेयजल परियोजना
- सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज के इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए विशेष बजट
- बीकानेर व जैसलमेर में सोलर एनर्जी पार्क
- बीकानेर में NDPS कोर्ट की स्थापना
- महिला व बाल सुरक्षा संस्थाओं के लिए ₹50 करोड़ का प्रावधान