निदेशक जाट ने अपने दौरे की शुरुआत हनुमान धोरा स्थित कन्हैयालाल सिखवाल राजकीय अंग्रेजी माध्यम विद्यालय से की। वहां पहुंचते ही उन्होंने विद्यालय की प्रार्थना सभा में भाग लिया। बच्चों को अनुशासित गणवेश में देखकर और उनके व्यवहार से वे काफी प्रसन्न दिखाई दिए।
इसके बाद, उनका काफिला गांव सातलेरा के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय की ओर बढ़ा। यहां, उन्होंने राज्य सरकार के महत्वपूर्ण कार्यक्रम ‘प्रखर राजस्थान 2.0’ अभियान के क्रियान्वयन का बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने छात्रों से सामान्य ज्ञान के प्रश्न पूछे और कुछ विद्यार्थियों से हिंदी की पुस्तकें पढ़वाईं, जिससे वे उनके ज्ञान स्तर का आकलन कर सकें।
छात्रों की प्रगति से संतुष्ट होकर निदेशक जाट ने कहा कि अनुशासन और मेहनत ही सफलता की कुंजी हैं। उन्होंने शिक्षकों को ‘शिल्पकार’ की संज्ञा देते हुए कहा कि वे अपनी मेहनत और लगन से बच्चों के भविष्य को उज्ज्वल बनाएं।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने विद्यालय में कराए गए रंग-रोगन कार्य और अन्य व्यवस्थाओं का भी मुआयना किया और संतोष व्यक्त किया। उनके साथ सेवानिवृत्त जिला शिक्षा अधिकारी गजानंद सेवग, सीबीईओ सरोज पूनियां वीर और एसीबीईओ अशोक कुमार चुग भी मौजूद रहे, जिन्होंने दौरे के दौरान महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा कीं।
विद्यालय की प्राचार्य बबीता बिश्नोई ने बताया कि निदेशक महोदय ने ‘प्रखर-2.0’ अभियान के साथ-साथ स्कूल दूध योजना में मिल्क पाउडर स्टॉक और अन्य व्यवस्थाओं के बारे में भी जानकारी ली।