श्रीडूंगरगढ़ ONE 31 जनवरी 2026। क्षेत्र के गांव जेतासर में लगातार तीन माह से जलदाय विभाग की अनदेखी के कारण प्रतिदिन हजारों लीटर पेयजल व्यर्थ बर्बाद हो रहा है। गांव में करोड़ों रूपयों का बजट पानी के लिए बहाने के बावजूद पेजयल आपूर्ति मर्ज ही बना हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में हुए कार्यों में भारी भ्रष्टाचार, ठेकेदार की मनमर्जी, लाइन में डेढ़ दर्जन लीकेज और कुछ रखूखदारों के मैन लाइन में कनेक्शनों के चलते गांव में आमजन पानी के लिए तरस रहें है।
गांव जेतासर की दिखणादी रोही में करीब 3 किलोमीटर दूर पेयजल विभाग के तीन ट्यूबवेलों से गांव में पेयजलापूर्ति की जाती है। यहां एक और नए ट्यूबवेल का निर्माण हुआ है जिसे लाइन से जोड़ा जाना शेष है। वहीं तीनों चालू ट्यूबवेलों को ही एक आपूर्ति लाइन से जोड़ा गया है। ग्रामीणों का कहना है कि इन ट्यूबवेलों में पानी की कमी नहीं है और वे गांव के सभी 800 घरों के लिए पर्याप्त है। परंतु मुख्य लाइन में डेढ़ दर्जन से अधिक स्थानों पर लीकेज है, जिससे लाखों लीटर पानी प्रतिदिन व्यर्थ बह रहा है। इस पानी से कट्टाणी मार्ग का रास्ता ब्लॉक हो रहा है व जगह जगह गढ्ढे बनकर पानी तालाब की तरह भरा रहता है। आस पास के किसानों की फसलें बर्बाद हो रही है व आवाजाही में भयंकर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि पाइन लाइन तय ड्राफ्ट के अनुसार नहीं डाली गई है। भ्रष्टाचार के चलते केबल व मोटर पास अधिक पॉवर की होती है और उससे आधी से भी कम पॉवर की मोटर व केबल का प्रयोग कर जरूरी सेवाओं में भी भारी गफलत बरती जा रही है। ग्रामीणों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि ठेकेदार व विभाग से बार बार गुहार लगाने पर भी सुनवाई नहीं की जा रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विभाग की अनदेखी का आलम ये है, कि स्वीच बोर्ड भी खुले हुए नीचे पड़े है जो किसी बड़े हादसे को दावत दे रहें है। ग्रामीण लगातार समस्या के समाधान की मांग कर रहें है और उन्होंने बताया कि विभागीय अधिकारी सुनवाई नहीं कर रहें है। आमजन टैंकर डलवा कर परेशान हो गए है। वे पानी का अतिरिक्त हजारों रूपए के खर्च से हैरान हो उठे है। किसान दुलाराम जाखड़ ने बताया कि ग्रामीणों के आग्रह पर दो साल पूर्व उसने अपने खेत पाइप लाइन निकालना स्वीकार किया परंतु इस सेवा के बदले लेने के देने पड़ रहें है और खेत में खड़ी फसल बर्बाद होने का नुकसान झेलना पड़ रहा है। किसानों ने बताया कि लाइन डालने के कुछ ही समय बाद लीकेज होने शुरू हो गए। ग्रामीण मोहनराम गोदारा, रामलाल महिया, मदनलाल नैण, शिवलाल गोदारा, गिरधारी खिलेरी, शंकरगिरी, हरचंद गिरी गुसाईं, आसुराम खिलेरी सहित अनेक ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारी को ज्ञापन भी दिया। ग्रामीणों ने विभाग के सामने धरना प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है।
विभागीय अधिकारी एईएन कैलाश वर्मा ने बताया कि शनिवार सुबह सामान दिलवा दिया गया है और काम शुरू कर दिया गया है। मैन लाइन का मिलान कर मैन लाइन में हुए कनेक्शन हटवाकर, नए ट्यूबवेल को लाइन से जोड़कर, लीकेज दुरस्त करने के काम करवा दिए जाएंगे।