सारस्वत समाज समिति इस महत्वपूर्ण समारोह की तैयारियों में पूरे उत्साह के साथ जुटी हुई है। जैसे-जैसे लोकार्पण की तिथि नज़दीक आ रही है, आयोजन समिति दिन-रात एक करके व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में लगी है। पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल है और हर कोई इस ऐतिहासिक पल का साक्षी बनने के लिए उत्सुक है।
बताया जा रहा है कि इस समारोह में सारस्वत समाज (कुण्डीय) के सदस्य बड़ी संख्या में क्षेत्र और देश के कोने-कोने से एकत्रित होंगे। यह अवसर न केवल एक भवन का लोकार्पण है, बल्कि यह समाज के सदस्यों के बीच आपसी मेल-जोल और बंधुत्व को भी मजबूत करेगा।
समारोह की अध्यक्षता समाजसेवी डूंगरराम ओझा करेंगे, जो समाज के लिए प्रेरणा स्रोत रहे हैं। वहीं, स्थानीय विधायक ताराचंद सारस्वत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। इसके अतिरिक्त, भवन के लिए भूमि दानदाता केसराराम सारस्वा बींझासर, उपखंड अधिकारी शुभम शर्मा, विप्र फाउंडेशन के राष्ट्रीय संयोजक सुशील ओझा, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय सचिव रामकिशन ओझा, सारस्वत समाज समिति श्रीडूंगरगढ़ के अध्यक्ष बजरंगलाल ओझा, नवनिर्मित सारस्वत सदन के अध्यक्ष लक्ष्मीनारायण तावणियां और समाजसेवी जुगलकिशोर तावणियां विशिष्ट अतिथि के रूप में समारोह की शोभा बढ़ाएंगे।
समिति ने भवन की सजावट से लेकर समारोह की व्यवस्थाओं तक, हर पहलू पर बारीकी से ध्यान दिया है। दोपहर 1 बजे एक विशाल भोज का आयोजन किया जाएगा, जिसमें सभी आगंतुकों के लिए भोजन की व्यवस्था होगी। सूत्रों के अनुसार, समिति विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी योजना बना रही है, जो इस अवसर को और भी यादगार बना देंगे।
यह लोकार्पण समारोह निश्चित रूप से सारस्वत समाज के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा। यह न केवल एक भवन का उद्घाटन है, बल्कि यह समाज के विकास और एकता की दिशा में एक मजबूत कदम भी है।