बीकानेर के कैप्टन चन्द्र चौधरी सर्किल में बीते दिनों कबड्डी के रोमांच ने दर्शकों को बांधे रखा। 14 नवंबर से शुरू हुई 51वीं जिला स्तरीय जूनियर कबड्डी प्रतियोगिता का समापन रविवार को हुआ, जिसने खेल प्रेमियों के दिलों में उत्साह भर दिया।
बालिकाओं के वर्ग में रीड़ी की टीम ने अपने शानदार प्रदर्शन से लखावार को पराजित कर विजय का परचम लहराया। वहीं, बालकों के वर्ग में स्पोर्ट्स क्लब लूणकरणसर ने प्रतिद्वंद्वियों को धूल चटाते हुए विजेता का खिताब अपने नाम किया। इस प्रतियोगिता में कुल 26 टीमों ने हिस्सा लिया, जिनमें 14 राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों ने अपने कौशल का प्रदर्शन किया। इनमें से 7 खिलाड़ी अकेले रीड़ी की टीम का प्रतिनिधित्व कर रहे थे, जो इस क्षेत्र में कबड्डी की लोकप्रियता और प्रतिभा का जीवंत प्रमाण है।
समापन समारोह में जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष सीए सुधीश शर्मा ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उनकी उपस्थिति ने खिलाड़ियों और दर्शकों को प्रेरित किया। विशिष्ट अतिथियों में उपजिला शिक्षा अधिकारी (खेलकूद) अनिल बोडा, मानकचन्द व्यास, सुमित जांगिड़, वीरेंद्र पूनिया, पूर्व सरपंच राजपाल कुलहरी, ओमप्रकाश भादू, दिलीप सिंह माचरा, सीताराम सियाग, सहीराम आर्य, सुरेश व्यास, दिलकान्त माचरा, केवलचन्द मिरोक, सुरजीत तेवतिया, अमित चौधरी, मांगीनाथ सिद्ध, रेखाराम भाम्भू, राम शर्मा (रीड़ी), शिवलाल जाखड़ (रीड़ी), देवकिशन, मुकेशन नैन, भीराज लेघा और भरत सारण जैसे गणमान्य व्यक्तियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
जिला कबड्डी संघ के संरक्षक राजेंद्र राठौड़ ने विजेता बालक और बालिका टीमों को राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि दोनों टीमें राज्य स्तर पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जिले का गौरव बढ़ाएंगी। राज्य स्तर की प्रतियोगिता में भाग लेने से पहले रीड़ी में बालिका टीम के लिए एक विशेष प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया है।
रीड़ी की बालिका टीम में कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी शामिल हैं। आईना सायाच और ममता जाखड़ को सर्वश्रेष्ठ रक्षक के रूप में सराहा गया। टीम की कप्तान सुमन पहले भी दो बार राष्ट्रीय स्तर पर खेल चुकी हैं। रवीना, जो राष्ट्रीय पदक विजेता हैं और पांच बार राष्ट्रीय स्तर पर खेल चुकी हैं, को U-14 में ऑल इंडिया बेस्ट रेडर का खिताब मिल चुका है। मोनिका, गुंजन और चैना जाखड़ जैसी खिलाड़ियों ने भी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। टीम में सुमित्रा, ममता, पिंकी और निकिता जैसी ऊर्जावान खिलाड़ी भी शामिल हैं, जो टीम को मजबूती प्रदान करती हैं। इस टीम को मांगीनाथ जाखड़ और हेतराम जाखड़ जैसे अनुभवी प्रशिक्षकों का मार्गदर्शन मिल रहा है।