ऐसा ही एक वाकया सोमवार को सामने आया, जब एक टैक्सी चालक को क्षमता से अधिक सवारियाँ भरना भारी पड़ गया।
सोमवार की दोपहर, लगभग 3:30 बजे, एडिशनल एसपी ग्रामीण कैलाश सांदू और सीओ निकेत पारीक पूनरासर पहुँचे थे। वे वहाँ हनुमानजी मेले की तैयारियों का जायजा लेने गए थे। इसी दौरान, श्री सांदू की नज़र एक टैक्सी पर पड़ी, जिसमें क्षमता से कहीं ज्यादा सवारियाँ भरी हुई थीं। सवारियाँ न केवल अंदर ठूँसी हुई थीं, बल्कि कुछ लोग लटक रहे थे और कुछ छत पर भी बैठे हुए थे।
यह देखकर सांदू ने तत्काल सेरूणा थाना पुलिस को कार्रवाई करने के निर्देश दिए। एएसआई पूर्णमल अपनी टीम के साथ तुरंत रवाना हुए और उन्हें वह टैक्सी पूनरासर जीएसएस के पास मिल गई।
एएसआई पूर्णमल के अनुसार, टैक्सी चालक, जिसकी पहचान पूनरासर निवासी गोपीनाथ के रूप में हुई, तेज गति से लापरवाहीपूर्वक गाड़ी चला रहा था, जिससे सवारियों की जान खतरे में पड़ सकती थी। गोपीनाथ को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर टैक्सी को जब्त कर लिया है।
यह घटना एक बार फिर हमें याद दिलाती है कि जीवन अनमोल है और हमें सड़क पर चलते समय नियमों का पालन करना चाहिए। यह भी सोचने का विषय है कि क्यों लोग अपनी जान जोखिम में डालकर इस तरह यात्रा करने को मजबूर हैं। क्या यह परिवहन के साधनों की कमी के कारण है, या फिर नियमों के प्रति उदासीनता के कारण? यह एक सवाल है, जिस पर हमें गहराई से विचार करने की आवश्यकता है।