सहकारी समिति ने वर्ष 2025 की खरीद की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। श्रीडूंगरगढ़ कृषि मंडी में एक केंद्र खुलेगा, वहीं शहरी क्षेत्र में दो केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, जोधासर, लिखमादेसर और सांवतसर में भी एक-एक केंद्र खोला जाएगा। इन सभी केंद्रों पर मूंगफली की खरीद की जाएगी, जिससे खरीद का भार समान रूप से वितरित हो जाएगा और किसानों को अनावश्यक परेशानी नहीं होगी।
गौरतलब है कि बीते गुरुवार को हैंडलिंग और ट्रांसपोर्ट के लिए जारी किए गए टेंडर सफल नहीं हो पाए थे। इसके बाद विभाग ने टेंडर प्रक्रिया को दोबारा शुरू कर दिया है। टेंडर अपलोड करने के लिए विभाग ने आज से 10 दिन का समय दिया है, और 29 अक्टूबर को पुन: टेंडर खोले जाएंगे।
सहकारिता विभाग के निरीक्षक भीखासिंह ने बताया कि स्थानीय विधायक ताराचंद सारस्वत ने भी विभाग को पारदर्शी और सुचारू खरीद प्रक्रिया सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
सिंह ने आगे बताया कि फिलहाल पांच केंद्रों पर खरीद तो होगी, लेकिन टोकन की संख्या और खरीद की सीमा के बारे में विभाग ने अभी कोई जानकारी नहीं दी है। हालांकि, उन्होंने यह आश्वासन दिया कि राजफेड की गाइडलाइन के अनुसार व्यवस्थित खरीद करवाने के लिए विभाग पूरी तरह से तैयार है, ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
यह खबर श्रीडूंगरगढ़ के उन किसानों के लिए निश्चित रूप से राहत लेकर आई है, जो हर साल समर्थन मूल्य पर अपनी मूंगफली बेचने के लिए संघर्ष करते हैं। अब देखना यह है कि ये केंद्र किसानों के लिए कितने सुविधाजनक साबित होते हैं और क्या विभाग सुचारू रूप से खरीद प्रक्रिया को संपन्न कराने में सफल रहता है।