श्रीडूंगरगढ़, 18 अक्टूबर 2025। दीपोत्सव के पावन अवसर पर श्रीडूंगरगढ़ के कालूबास में नवस्थापित ‘लर्न एंड फन’ स्कूल ने एक सराहनीय पहल की। स्कूल ने सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को साकार करते हुए कस्बे की सेवा बस्तियों में नन्हें-मुन्ने बच्चों के साथ खुशियां बांटी।
शुक्रवार की शाम, स्कूल के नन्हे विद्यार्थी अपने शिक्षकों के साथ कस्बे की उन बस्तियों में पहुंचे, जहां जीवन की राहें कुछ कठिन हैं। सेसोमू स्कूल के पीछे, पुलिस स्टेशन के पास, रेलवे स्टेशन के निकट और बॉम्बे कॉलोनी के पास स्थित इन सेवा बस्तियों में ‘लर्न एंड फन’ स्कूल के बच्चों ने अपने छोटे-छोटे हाथों से मिठाई और पटाखे उपहार स्वरूप भेंट किए।
इस अवसर पर स्कूल की प्रधानाचार्य विनिता सारस्वत ने बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा कि त्योहारों पर फिजूलखर्ची करने की बजाय, मानव सेवा और सहयोग के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों में खुशियां बांटना ही सच्ची दिव्यता है। उन्होंने बच्चों को उन मुश्किलों और चुनौतियों से अवगत कराया, जिनका सामना इन परिवारों को करना पड़ता है, और सदैव उनका सहयोग करने की प्रेरणा दी।
श्रीमती सारस्वत ने सभी बच्चों को समान व्यवहार करने और जरूरतमंदों व दिव्यांगों के प्रति करुणा और दया का भाव रखने की सीख दी। उन्होंने यह भी समझाया कि किसी का अपमान करना उचित नहीं है, बल्कि हमें सभी के साथ प्रेम और सम्मान से पेश आना चाहिए।
सेवा बस्तियों के बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे। उन्होंने ‘लर्न एंड फन’ स्कूल के बच्चों को भी दीपोत्सव की शुभकामनाएं दीं। शुक्रवार को अवकाश होने के बावजूद, स्कूल का स्टाफ पूरी तरह सक्रिय रहा। बच्चों को भी इस नेक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए विशेष रूप से बुलाया गया था।
श्रीमती सारस्वत ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए सभी बच्चों और अभिभावकों का आभार व्यक्त किया। ‘लर्न एंड फन’ स्कूल की यह पहल निश्चित रूप से एक प्रेरणादायक उदाहरण है, जो समाज में प्रेम, करुणा और सहयोग की भावना को बढ़ावा देता है। यह दीपोत्सव सही मायने में खुशियों का पर्व बन गया, जब समाज के सभी वर्गों ने मिलकर इसे मनाया।