**श्रीडूंगरगढ़, 31 जुलाई 2025:* कोलायत के कपिल सरोवर के संरक्षण की मांग को लेकर रमनलाल शर्मा ने कोलायत से जयपुर तक पैदल यात्रा शुरू की है। रमनलाल शर्मा, जो पिछले 45 वर्षों से कोलायत सरोवर में डूबने वाले लोगों को बचाने और शवों को निकालने का नि:शुल्क कार्य कर रहे हैं, सरोवर के अस्तित्व पर मंडरा रहे खतरों के प्रति सरकार का ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं।
शर्मा का कहना है कि अवैध खनन, अतिक्रमण और भ्रष्टाचार के कारण कपिल सरोवर का अस्तित्व खतरे में है। उनकी प्रमुख मांगें हैं कि सरोवर की सफाई पर खर्च होने वाले करोड़ों रुपए का वास्तविक उपयोग सुनिश्चित किया जाए, बहाव क्षेत्र में खनन रोका जाए, 52 घाटों का सौंदर्यीकरण किया जाए, और च्यवन ऋषि की तपोस्थली चानी गांव, देहूती गांव, दियातरा, और याज्ञवल्क्य ऋषि की तपोस्थली जागेरी धाम जैसे महत्वपूर्ण स्थलों का संरक्षण किया जाए। वे सरोवर पर स्थित मंदिरों के जीर्णोद्धार की भी मांग कर रहे हैं।
कोलायत से जयपुर तक की इस पदयात्रा के दौरान शर्मा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को ज्ञापन सौंपेंगे।
श्रीडूंगरगढ़ पहुंचने पर श्रीडूंगरगढ़ पुलिस थाने में उनका स्वागत किया गया। हेडकांस्टेबल रामस्वरूप विश्नोई, धमेन्द्र मीणा, कांस्टेबल विजय, राधेश्याम, महावीर सिंह, विनोद, चंद्रप्रकाश, नंदलाल भाटी, मुकेश, विकास, और लेखराम सहित पुलिसकर्मियों ने उन्हें शॉल ओढ़ाकर, पुष्प वर्षा कर, और माल्यार्पण कर अभिनंदन किया और उनकी यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं।
रमनलाल शर्मा को उनकी नि:शुल्क तैराकी सेवाओं के लिए कई पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। उन्होंने कोलायत सरोवर में 450 से अधिक लोगों की जान बचाई है और 1028 शवों को बाहर निकाला है।